शुक्रवार, 16 जनवरी 2026

गीत 094: 26-जनवरी गणतन्त्र दिवस

 26 जनवरी-गणतन्त्र दिवस

अब मुक्त गगन, अपना विहान,
भरते रहते नित नव उड़ान ।
गणतन्त्र दिवस, गणतन्त्र दिवस।

        हम नई चेतना के वाहक,
हम विश्व शान्ति के पोषक हैं
हम संविधान के निर्माता,
हम संविधान के रक्षक हैं ।

पावन है अपना संविधान,
 सबसे न्यारा सबसे महान 
गणतन्त्र दिवस, गणतन्त्र दिवस।--

जन जन की आशा के प्रतीक,
बहती विकास की धारा है
सबके इसमे अपने सपने,
यह भारत देश हमारा  है ।

भारत की रख्खे आन-बान,
हम रच रच कर नव कीर्तिमान
गणतन्त्र दिवस, गणतन्त्र दिवस।---

उत्तर से लेकर दक्षिण तक,
पूरब से लेकर पश्चिम तक 
हम एक सूत्र में बँधे हुए,
अग्रिम से लेकर अन्तिम तक

नारों से गूँजे आसमान,
बस ’जय जवान’ नित ’जय किसान
गणतन्त्र दिवस, गणतन्त्र दिवस।

-आनन्द.पाठक ’आनन’

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